शराब के लिए रुपये मांगने और आए दिन विवाद से परेशान होकर रची हत्या की साजिश, पुलिस ने दांव और रक्तरंजित डंडा बरामद किया
||TC24N|| फाईज़ अली सैफी
गाज़ियाबाद। थाना नंदग्राम पुलिस ने अश्वनी उर्फ आशू हत्याकांड का सफल अनावरण करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया हैं। गिरफ्तार आरोपियों में मृतक का चाचा राजेश (48 वर्ष) और बाबा भीम सिंह (79 वर्ष) शामिल हैं। पुलिस ने दोनों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त धारदार हथियार दांव, डंडानुमा बल्ली का टुकड़ा तथा रक्तरंजित तकिये का कवर बरामद किया हैं। पुलिस के मुताबिक, रविवार 13 सितंबर 2026 को मृतक अश्वनी उर्फ आशू के परिजन ने थाना नंदग्राम में तहरीर देकर बताया था कि अज्ञात व्यक्तियों ने धारदार हथियार और डंडे से हमला कर अश्वनी की हत्या कर दी हैं। तहरीर के आधार पर पुलिस ने तत्काल धारा 103(1) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
शराब की लत और पैसों को लेकर था विवाद
पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक अश्वनी उर्फ आशू शराब पीने का आदी था और शराब के लिए अपने बाबा भीम सिंह से अक्सर रुपये मांगता था। पुलिस के अनुसार, इस वजह से भीम सिंह पर काफी कर्ज हो गया था। भीम सिंह ने अपने हिस्से का आधा मकान करीब 9 लाख रुपये में बेच दिया था। इसमें से करीब 6 लाख रुपये का लोन चुकाया गया, जबकि लगभग 1.50 लाख रुपये अश्वनी के शराब के कर्ज को चुकाने में खर्च किए गए। इसके बावजूद अश्वनी द्वारा अपने हिस्से के रुपये मांगने और रुपये न देने पर गाली-गलौज तथा मारपीट किए जाने की बात पुलिस जांच में सामने आई। इसी से परेशान होकर राजेश और भीम सिंह ने अश्वनी की हत्या की योजना बनाई।
रात में हमला कर हत्या, सुबह रची शक से बचने की कहानी
पुलिस के अनुसार, 12 सितंबर की रात करीब 8:30 बजे अश्वनी शराब पीकर घर आया और भीम सिंह से शराब के लिए रुपये मांगने लगा। रुपये नहीं मिलने पर उसने धमकी दी और वहां से चला गया। इसके बाद भीम सिंह ने अपने पुत्र राजेश को पूरी बात बताई। पुलिस का दावा हैं कि इसके बाद दोनों ने योजनाबद्ध तरीके से अश्वनी की हत्या कर दी। रात करीब 10 बजे राजेश और भीम सिंह ने धारदार हथियार दांव तथा डंडानुमा बल्ली के कटे टुकड़े से अश्वनी के शरीर पर कई वार किए, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद दोनों आरोपियों ने घटना को छिपाने का प्रयास किया। पुलिस के मुताबिक, सुबह करीब 7 बजे भीम सिंह छत पर चढ़कर अश्वनी की हत्या किए जाने का शोर मचाने लगा, जबकि राजेश ने डायल-112 पर सूचना दी, ताकि पुलिस को उन पर शक न हो।
CCTV फुटेज और मुखबिर की सूचना से खुला राज
थाना नंदग्राम पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों, CCTV कैमरों की फुटेज और मुखबिर की सूचना के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया। संकलित साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने राजेश और भीम सिंह को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में कबूला अपराध
एसीपी नंदग्राम जियाउद्दीन अहमद के अनुसार, पूछताछ में राजेश ने पुलिस को बताया कि उसका भतीजा अश्वनी शराब पीने का आदी था और शराब के लिए उसके पिता भीम सिंह से रुपये मांगता था। लगातार रुपये मांगने और विवाद के चलते दोनों ने अश्वनी को रास्ते से हटाने की योजना बनाई। पुलिस के मुताबिक, राजेश ने बताया कि 12 सितंबर की रात करीब 10 बजे उसने और उसके पिता भीम सिंह ने दांव तथा डंडानुमा बल्ली के टुकड़े से अश्वनी पर कई वार कर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद दांव को तकिये के कवर से साफ कर घर में छिपा दिया गया, जबकि डंडे को तकिये के कवर सहित सामने पड़े खाली प्लॉट में फेंक दिया गया। पुलिस के अनुसार, भीम सिंह ने भी अपने पुत्र राजेश के बयान का समर्थन किया।
गिरफ्तार आरोपी
वहीं, पुलिस को पकड़े गए आरोपियों ने अपना नाम राजेश पुत्र भीम सिंह, उम्र 48 वर्ष, निवासी अनिल कुमार का किराये का मकान, चामुंड के पास, नूरनगर सिहानी, थाना नंदग्राम, और दूसरे ने भीम सिंह पुत्र तेजराम, उम्र 79 वर्ष, निवासी नूरनगर सिहानी, थाना नंदग्राम, गाज़ियाबाद बताया हैं, हालांकि पुलिस को घटना में प्रयुक्त धारदार हथियार दांव, डंडानुमा बल्ली का टुकड़ा और रक्तरंजित तकिये का कवर बरामद हुआ हैं। पुलिस द्वारा दोनों आरोपियों के विरुद्ध आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही हैं।
Author: The Crime 24 News
Faiez Ali Saifi – Editor-in-Chief / Senior Journalist | Place: Ghaziabad, NCR, Uttar Pradesh, India