


||TC24N|| फाईज़ अली सैफी
गाज़ियाबाद। उत्तर प्रदेश के गाज़ियाबाद जिले के मुरादनगर थाना परिसर के बाहर दिनदहाड़े एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान रवि शर्मा के रूप में हुई हैं, जो अपने पिता और भाई के साथ आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज कराने थाने पहुंचा था। आरोप हैं कि जिन लोगों के खिलाफ शिकायत की जा रही थी, उन्हीं ने रवि को थाने के सामने घेरकर गोली मार दी। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई और ग्रामीणों ने शव को थाने के बाहर रखकर जाम लगा दिया। पुलिस पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए परिजनों और ग्रामीणों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया।
वारदात की पूरी कहानी
मृतक रवि शर्मा, मुरादनगर थाना क्षेत्र के मिल्क रावली गांव का रहने वाला था। 17 जून की रात रवि अपने पिता श्रीपाल शर्मा और भतीजी के साथ गांव के बाहर खड़ा था, तभी गांव का मोंटी नामक युवक आया और कार हटाने को लेकर विवाद करने लगा। कुछ देर बाद मोंटी और उसके साथी अजय ने रवि के घर पर दो राउंड फायरिंग की। घटना की जानकारी देने के लिए रवि अपने पिता और भाई के साथ थाने पहुंचा। थाने के बाहर ही मोंटी और अजय फिर से आ पहुंचे और रवि पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। चार गोलियां रवि के सीने में मारी गईं, जिससे मौके पर ही वह घायल होकर गिर पड़ा। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
लापरवाही का आरोप: पुलिस बनाती रही वीडियो
परिजनों और चश्मदीदों का आरोप है कि पुलिस मौके पर मौजूद थी, लेकिन उन्होंने हमलावरों को रोकने या घायल की मदद करने के बजाय मोबाइल से वीडियो बनाना शुरू कर दिया। मृतक के भाई विकास शर्मा ने बताया कि जब वह दौड़कर मौके पर पहुंचा तो आरोपियों ने उस पर भी फायरिंग की, लेकिन वह किसी तरह बच गया।
कमिश्नर ने 3 पुलिसकर्मी किए सस्पेंड
घटना के बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आया। गाज़ियाबाद पुलिस कमिश्नर जे. रविंदर गौड ने मुरादनगर थाना प्रभारी SO शैलेंद्र सिंह तोमर, SI सूबे सिंह और बीट दरोगा मोहित सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया हैं। साथ ही तीनों के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश भी दिए गए हैं।
अजय 15 दिन पहले ही जेल से छूटा था
पुलिस जांच में सामने आया हैं कि आरोपी अजय पूर्व में गांव की एक लड़की के साथ दुष्कर्म के आरोप में जेल गया था और 15 दिन पहले ही जमानत पर बाहर आया था। पुलिस ने बताया कि इस हत्या की जांच के लिए तीन टीमों का गठन किया गया हैं और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही हैं।
ग्रामीणों का धरना, गिरफ्तारी की मांग
घटना के बाद गांव के सैकड़ों लोगों ने थाने के बाहर शव रखकर धरना शुरू कर दिया। हालांकि, पुलिस द्वारा दिए गए आश्वासन के बाद धरना-प्रदर्शन समाप्त कर दिया गया था। ग्रामीणों का कहना हैं कि जब तक आरोपी गिरफ्तार नहीं होते, वे शव नहीं उठने देंगे और प्रदर्शन जारी रहेगा। पुलिस अधिकारी मौके पर लोगों को समझाने में जुटे हुए हैं।
DCP का बयान
डीसीपी ग्रामीण सुरेंद्रनाथ तिवारी ने बताया कि शिकायत मिलने पर पुलिस रवि शर्मा के घर भी गई थी और छानबीन की गई थी। थाने में FIR दर्ज की जा रही थी कि इसी बीच आरोपी वहां पहुंच गए और फायरिंग कर दी। पुलिस ने हत्या सहित कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर लिया हैं और पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा। हालांकि, डीसीपी ने तीन टीमों का गठन कर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए ताबड़तोड़ दबिशों की प्रक्रिया जारी हैं, जल्द ही उनकी गिरफ्तारी सुनिश्चित कर ली जाएगी।
निष्कर्ष
यह घटना न केवल पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करती हैं, बल्कि यह भी दिखाती हैं कि अपराधी किस हद तक बेखौफ हो चुके हैं। थाने जैसी सुरक्षित जगह के बाहर हत्या होना, और वो भी पुलिस की मौजूदगी में, कानून व्यवस्था की स्थिति को बयां करने के लिए काफी हैं। अब देखना यह होगा कि पुलिस कितनी तेजी से आरोपियों को गिरफ्तार कर न्याय दिला पाती हैं।
Author: The Crime 24 News
Faiez Ali Saifi – Editor-in-Chief / Senior Journalist | Place: Ghaziabad, NCR, Uttar Pradesh, India









